जॉर्ज वाशिंगटन का जीवन परिचय

जॉर्ज वाशिंगटन को फादर ऑफ़ अमेरिका कहा जाता है | अमेरिका की क्रांति में उनकी अहम भूमिका थी | आइये जानते हैं जॉर्ज वाशिंगटन के जीवन के बारे में |

जॉर्ज वाशिंगटन का जीवन परिचय – George Washington Biography in Hindi

जॉर्ज वाशिंगटन अमेरिका के पहले राष्ट्रपति थे | वो 1789 से 1797 तक अमेरिका के राष्ट्रपति के पद पर रहे | जॉर्ज का जन्म 22 फरवरी 1732 को अमेरिका के वर्जिनिया में हुआ था |

उनके पिता का नाम Augustine Washington और माता का नाम Mary Ball Washington था |

अपनी जवानी के दिनों में जॉर्ज वाशिंगटन ने एक सर्वेक्षक (surveyor) के रूप में काम किया | बाद में उन्होंने फ्रेंच और इंडियन वॉर में भी भाग लिया |

लेकिन अमेरिका को ब्रिटिश राज से आजादी दिलाने और अमेरिकी क्रांति में अपनी भूमिका के कारण वो नेशनल हीरो बन गए |

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जॉर्ज वाशिंगटन के जीवन से जुड़े रोचक तथ्य

  1. जॉर्ज वाशिंगटन अमेरिका के ही नही बल्कि पूरी दुनिया के पहले राष्ट्रपति थे जो 30 अप्रैल 1789 से 3 मार्च 1797 तक अमेरिका के राष्ट्रपति के पद पर रहे |
  2. अमेरिका के पहले राष्ट्रपति ने कॉलेज अटेंड नही किया लेकिन उन्होने ब्रिटिश मिलिटरी में अपनी सेवाएँ दी | जॉर्ज वाशिंगटन ब्रिटिश आर्मी की तरफ से फ्रांस से लड़े थे लेकिन इस लड़ाई में उनकी हार हुई थी जिसके बाद 7 साल लंबा युद्ध शुरू हो गया था |
  3. जॉर्ज वाशिंगटन पहले ऐसे राष्ट्रपति थे जिन्हे 100% एलेकट्रोअल (electoral) वोट्स मिले थे |
  4. जॉर्ज वाशिंगटन इकलौते ऐसे राष्ट्रपति रहे हैं जिन्होने अपने पद पर रहते हुए आर्मी को लीड किया है | अमेरिकन पब्लिक लॉ के अनुसार अमरीकन आर्मी का कोई भी ऑफीसर भूत, वर्तमान और भविष्य में ल्यूटेनेंट जनरल (Lieutenant General) जॉर्ज वॉशिंग्टन से रंक में बड़ा नही हो सकता |
  5. अपनी प्रेज़िडन्सी के अंतिम दिनों में अपनी अत्यधिक राजशाही रवैये की वजह से उनकी प्रेस में कड़ी आलोचना होती रहती थी |
  6. जोसेफ ज. एलिस की किताब “हिज़ एक्स्स्लेन्सी: जॉर्ज वॉशिंग्टन” के अनुसार उन्होने अपने जीवन में जितनी लड़ाइयाँ जीती उनसे ज़्यादा लड़ाइयाँ हारी थी |
  7. जॉर्ज वॉशिंग्टन के समय मे चेचक की बीमारी विकराल रूप धारण किए हुए थी | इतने सैनिक लड़ाई में नही मार रहे थे जितने चेचक की बीमारी से मर रहे थे और ये एक महामारी का रूप ले चुकी थी | ऐसे समय में जॉर्ज वॉशिंग्टन ने अपनी पूरी सेना के टीकाकरण का निर्णय लिया जिससे इस बीमारी से मरने वालो की संख्या में भारी कमी आई | कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार मृत्यु दर 17% से घटकर 1% रह गई थी | जॉर्ज वॉशिंग्टन के इस निर्णय को उस समय का सबसे काबिले ए तारीफ फ़ैसला कहा जाता है |
  8. इतिहास जूलियस सीज़र, नेपोलियन बोनपार्ट और माओ ज़ेडॉंग जैसे मिलिटरी कमांडर्स की कहानियों से भरा पड़ा है जिन्होने सत्ता को हासिल किया था लेकिन जॉर्ज ने इसी सत्ता को कॉंग्रेस के आगे समर्पित कर दिया | जॉर्ज का प्रजातंत्र में गहरा विश्वास था और ऐसा करके उन्होने पूरी दुनिया को इसका संदेश दिया |
  9. जॉर्ज वाशिंगटन की फोटोस में दिखने वाले बाल नकली नही हैं बल्कि उन्होने अपने बालों को बड़ा किया था और पाउडर से बालों को सफेद किया करते थे |
  10. जॉर्ज वाशिंगटन को पत्र लिखने का बड़ा शौंक था रिपोर्ट्स के अनुसार उन्होने अपने जीवन में 18000 से 20000 तक लेटर लिखे थे | हर रोज एक लेटर लिखने पर साल में सिर्फ़ 365 लेटर ही लिखे जा सकते हैं |
  11. जॉर्ज वाशिंगटन एक विस्की की फैक्ट्री के मलिक थे और उनकी एनुअल सैलरी 25000$ थी लेकिन फिर भी कुछ लोगो के अनुसार उन्हे अपने inauguration पर पहुँचने के लिए पैसे उधर लेने पडे थे |
  12. जॉर्ज वाशिंगटन की मौत के हालात अजीबो ग़रीब थे उनकी मौत तब हुई जब उनके डॉक्टर ने थ्रॉट इन्फेक्शन का इलाज करने के लिए उनके खून का 40% हिस्सा निकाल लिया था | उनके मौत के बाद नेपोलियन ने फ्रॅन्स में 10 दिन का शोक घोषित किया था |
  13. जॉर्ज वाशिंगटन के समय में अमेरिका में दास प्रथा बहुत प्रचलित थी | जॉर्ज के पास भी बहुत से दास थे और उस समय दास अपने दांतों को बेच कर भी पैसा कमाते थे | कहा जाता है कि जॉर्ज के कुछ नकली दाँत उन्होने अपने दासों से खरीदे थे |
  14. अपनी मृत्यु से पहले जॉर्ज दास प्रथा के विरुद्ध हो गये थे इसलिए अपनी विल में जॉर्ज ने पत्नी की मृत्यु के बाद सभी 300 दासों को आज़ाद करने की इच्छा जताई थी|

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Mohan

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